भारत और बांग्लादेश के बीच 14वीं संयुक्त सीमा शुल्क समूह (JGC) की बैठक हाल ही में नई दिल्ली में आयोजित की गई।भारत-बांग्लादेश संयुक्त सीमा शुल्क समूह की बैठकें सीमा शुल्क से संबंधित मामलों पर सहयोग को बढ़ावा देने और सीमा पार व्यापार की सुविधा बढ़ाने के लिये एक महत्त्वपूर्ण मंच के रूप में कार्य करती हैं।
14वीं JGC बैठक के मुख्य परिणाम
- भूमि सीमा शुल्क स्टेशनों का विस्तार: बैठक में नए भूमि सीमा शुल्क स्टेशनों की स्थापना पर विचार-विमर्श किया गया, जो सीमा पार व्यापार को सुविधाजनक बनाने में महत्त्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
- बैठक में सीमा शुल्क सहयोग पर एक द्विपक्षीय समझौते में प्रवेश करने की संभावना का पता लगाया गया, जो भविष्य के सहयोग के लिये एक व्यापक ढाँचे के रूप में काम कर सकता है।
- बंदरगाह प्रतिबंधों को सरल बनाना: यह चर्चा बंदरगाह प्रतिबंधों को सरल बनाने के उपायों के इर्द-गिर्द घूमती रही, जिससे बंदरगाह संचालन की समग्र दक्षता में वृद्धि होगी तथा व्यापार बाधाएँ कम होंगी।
- भारत ने 13वीं JGC बैठक में सहमति के अनुसार बांग्लादेश द्वारा ट्रायल रन पूरा करने तथा चटग्राम और मोंगला बंदरगाहों (ACMP) के उपयोग पर समझौते को क्रियान्वित करने के लिये अधिसूचना की सराहना की।
- ट्रांज़िट मॉड्यूल की इलेक्ट्रॉनिक कनेक्टिविटी: ACMP से संबंधित ट्रांज़िट मॉड्यूल की इलेक्ट्रॉनिक कनेक्टिविटी के संबंध में चर्चा शुरू की गई, जो कुशल डिजिटल सहयोग की दिशा में एक कदम है।
- आगमन-पूर्व सीमा शुल्क डेटा का आदान-प्रदान: दोनों पक्ष सीमा शुल्क डेटा के आगमन-पूर्व आदान-प्रदान के संबंध में बातचीत में लगे हुए हैं। इस कदम का उद्देश्य अधिकारियों को पहले से तैयारी करने में सक्षम बनाकर सीमा शुल्क निकासी प्रक्रिया में तेज़ी लाना है।
