Tue. Jun 23rd, 2026

खाद्य और सार्वजनिक वितरण मंत्री प्रल्हाद जोशी ने यह जानकारी दी कि भारत अब विश्व का तीसरा सबसे बड़ा इथेनॉल उत्पादक और उपभोक्ता बन गया है। उन्होंने चीनी और जैव-ऊर्जा सम्मेलन में अपने संबोधन में सरकार के प्रयासों को उज़ागर किया, जो चीनी उद्योग और नवीकरणीय ऊर्जा को प्रोत्साहित करने के लिये किये जा रहे हैं। उन्होंने किसानों की भूमिका की सराहना की, जो अन्नदाता से ऊर्जादाता बनने की दिशा में अग्रसर हैं। भारत के इथेनॉल मिश्रण कार्यक्रम ने वर्ष 2014 से अब तक 11.80 बिलियन अमेरिकी डॉलर (99000 करोड़ रुपए) की विदेशी मुद्रा की बचत की है।

इथेनॉल के उत्पादन और उपयोग की प्रगति

इथेनॉल मिश्रित पेट्रोल (EBP) कार्यक्रम

  • इस कार्यक्रम के तहत इथेनॉल की बिक्री से चीनी मिलों के राजस्व में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है, साथ ही ग्रीनहाउस गैस उत्सर्जन में भी कमी आई है।
  • भारत के इथेनॉल मिश्रण कार्यक्रम ने वर्ष 2014 से अब तक 11.80 बिलियन अमेरिकी डॉलर (लगभग 99,000 करोड़ रुपये) की विदेशी मुद्रा बचत की है।
  • इथेनॉल मिश्रण के कारण भारत ने 17.3 मिलियन मीट्रिक टन कच्चे तेल के आयात का विकल्प चुना है।
  • पिछले दशक में, इथेनॉल के उपयोग से कार्बन उत्सर्जन में 51.9 मिलियन मीट्रिक टन की कमी आई है।

इथेनॉल मिश्रण लक्ष्य

  • सरकार ने इथेनॉल आपूर्ति वर्ष (ESY) 2025-26 तक 20% इथेनॉल मिश्रण का लक्ष्य निर्धारित किया है।
  • बाजार में E20 पेट्रोल (जिसमें 20% इथेनॉल होता है) और E100 ईंधन (जिसमें 93-93.5% इथेनॉल होता है) पेश किए गए हैं।

सरकारी सहायता

  • सरकार ने 2014 से अब तक डिस्टिलर्स को 1.45 ट्रिलियन रुपये और किसानों को 87,558 करोड़ रुपये का भुगतान किया है।

इथेनॉल उत्पादन की प्रक्रिया

  • इथेनॉल, जिसे एथिल अल्कोहल (C2H5OH) भी कहा जाता है, का उत्पादन गन्ना, मक्का और गेहूं से किया जाता है।
  • यह गैसोलीन के साथ मिश्रित किया जा सकता है, जिससे दहन दक्षता बढ़ती है और उत्सर्जन में कमी आती है।
  • चूंकि इथेनॉल का उत्पादन सौर ऊर्जा का उपयोग करके किया जाता है, इसे एक नवीकरणीय ईंधन माना जाता है।

किसान-केंद्रित नीतियाँ

  • पिछले 10 वर्षों में गन्ने की खेती का क्षेत्रफल लगभग 18% बढ़ा है, जबकि गन्ना उत्पादन में 40% की वृद्धि हुई है।
  • चीनी के लिए न्यूनतम विक्रय मूल्य लागू होने से किसानों को 1.14 लाख करोड़ रुपये में से लगभग 99% गन्ना बकाया समाप्त करने में मदद मिली है।

भारत और ब्राज़ील का सहयोग

  • भारत और ब्राज़ील, जहां गन्ने का सबसे बड़ा उत्पादन होता है, के बीच जैव ईंधन उत्पादन में सहयोग की संभावना है।
  • दोनों देशों के बीच इथेनॉल और बायोडीजल के लिए प्रौद्योगिकियों के विकास पर सहयोग किया जा सकता है, जिससे ऊर्जा सुरक्षा और स्थिरता बढ़ेगी।
  • निष्कर्ष: भारत की इथेनॉल उत्पादन की दिशा में की गई प्रगति न केवल देश की ऊर्जा सुरक्षा को मजबूत कर रही है, बल्कि किसानों की आर्थिक स्थिति में भी सुधार कर रही है। यह नवीकरणीय ऊर्जा के क्षेत्र में भारत के विकास की एक महत्वपूर्ण पहल है।

इथेनॉल

  • इसे एथिल अल्कोहल (C2H5OH) के नाम से भी जाना जाता है, यह एक  स्पष्ट ,रंगहीन  तरल है जिसकी विशिष्ट गंध होती है।
  • यह 99.9% शुद्ध अल्कोहल है।
  • इसे नवीकरणीय ईंधन माना जाता है और इसका उत्पादन गन्ना, मक्का और गेहूँ से किया जा सकता है, जिनमें स्टार्च की मात्रा अधिक होती है।
  • इसमें मौजूद ऑक्सीजन की मात्रा के कारण दहन क्षमता बढ़ाने के लिये इसे गैसोलीन के साथ मिश्रित किया जा सकता है, जिससे उत्सर्जन कम होता है।

उपयोग

  • ईंधन: सामान्य मिश्रणों में E10 (10% इथेनॉल, 90% गैसोलीन) और E85 (85% इथेनॉल तक) शामिल हैं। यह शुद्ध गैसोलीन की तुलना में ग्रीनहाउस गैस उत्सर्जन को कम करता है।
  • इसका उपयोग फार्मास्यूटिकल्स, सौंदर्य प्रसाधनों और व्यक्तिगत देखभाल उत्पादों में विलायक के रूप में किया जाता है।
  • इसका उपयोग रसायन, प्लास्टिक और सिंथेटिक फाइबर के उत्पादन में किया जाता है।
  • यह बीयर, वाइन और स्पिरिट जैसे मादक पेय पदार्थों का मुख्य घटक है।

Login

error: Content is protected !!