Sun. Feb 1st, 2026
  • भारतीय खाद्य सुरक्षा एवं मानक प्राधिकरण (एफएसएसएआई) ने आयुष मंत्रालय के साथ मिलकर “आयुर्वेद आहार” के रूप में वर्गीकृत आयुर्वेदिक खाद्य उत्पादों का एक आधिकारिक संकलन जारी किया है।
  • यह कदम 2022 के खाद्य सुरक्षा एवं मानक (आयुर्वेद आहार) विनियमों द्वारा स्थापित आधारशिला पर आधारित है।
  • स्वीकृत सूत्रीकरण अनुसूची ‘क’ में सूचीबद्ध शास्त्रीय आयुर्वेदिक ग्रंथों से लिए गए पारंपरिक नुस्खों, सामग्रियों और निर्माण विधियों पर आधारित हैं।
  • यह सूची नियामक ढाँचे के अंतर्गत अनुसूची ‘ख’ के नोट (1) के अंतर्गत औपचारिक रूप से जारी की गई है।
  • यह आयुर्वेद आहार उत्पादों का उत्पादन करने वाले खाद्य उद्योग के दिग्गजों के लिए एक विश्वसनीय और आधिकारिक संसाधन प्रदान करता है।
  • यह प्रयास आयुर्वेद-आधारित आहार उत्पादों की सांस्कृतिक और वैज्ञानिक वैधता को पुष्ट करता है।
  • आयुष और स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय, दोनों के राज्य मंत्री, प्रतापराव जाधव ने दैनिक भोजन में आयुर्वेद आहार को शामिल करने की वकालत की।
  • यह कदम नियामक पारदर्शिता को मज़बूत करता है और आधुनिक स्वास्थ्य प्रणालियों में पारंपरिक आहार प्रथाओं को शामिल करने में सहायता करता है।
  • यह देश भर में बेहतर जन स्वास्थ्य के लिए आयुर्वेदिक पोषण को मुख्यधारा में लाने की दिशा में एक रणनीतिक कदम है।

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