3 UPSC EXAM HINDI QUIZ 04.03.2025 Daily Quiz 1 / 5 Q1. निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिएः 1. इडुक्की वन्यजीव अभयारण्य में एक जीव सर्वेक्षण किया गया था।इडुक्की वन्यजीव अभयारण्य में हाल ही में 14 नई पक्षी प्रजातियाँ देखी गईं, जिनमें ग्रे हेरॉन, इंडियन स्पॉटेड ईगल, बोनेली ईगल और अन्य शामिल हैं। 2. इससे अभयारण्य में पक्षी प्रजातियों की कुल संख्या 145 हो गई है, जिसमें सर्वेक्षण के दौरान 174 प्रजातियाँ दर्ज की गईं। उपर्युक्त में से कौन सा कथन सत्य है? केवल 1 केवल 2 1 व 2, दोनों दोनों कथन असत्य है। Explanation: इडुक्की वन्यजीव अभयारण्य में एक जीव सर्वेक्षण किया गया था।इडुक्की वन्यजीव अभयारण्य में हाल ही में 14 नई पक्षी प्रजातियाँ देखी गईं, जिनमें ग्रे हेरॉन, इंडियन स्पॉटेड ईगल, बोनेली ईगल और अन्य शामिल हैं। इससे अभयारण्य में पक्षी प्रजातियों की कुल संख्या 245 हो गई है, जिसमें सर्वेक्षण के दौरान 174 प्रजातियाँ दर्ज की गईं। इडुक्की वन्यजीव अभयारण्य यह केरल के इडुक्की जिले में स्थित है । यह इलाका ऊबड़-खाबड़ और उतार-चढ़ाव वाला है तथा समुद्र तल से इसकी ऊंचाई 450 मीटर से 750 मीटर के बीच है । इसकी विशेषताएँ खड़ी पहाड़ियाँ, गहरी घाटियाँ, पठार और नदी किनारे के जंगल हैं । जलवायु: इडुक्की वन्यजीव अभयारण्य में उष्णकटिबंधीय मानसून जलवायु होती है , जिसमें पूरे वर्ष भारी वर्षा और सुखद तापमान रहता है। इस अभयारण्य से होकर बहने वाली नदी: दो प्रमुख नदियाँ इस अभयारण्य से होकर बहती हैं और इसकी समृद्ध जैव विविधता को बनाए रखती हैं: पेरियार नदी और चेरुथोनी नदी । ये नदियाँ इडुक्की बांध जलाशय में योगदान करती हैं। 2 / 5 Q2. निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिएः 1. सुप्रीम कोर्ट ने कचरे के स्रोत पर ही पृथक्करण की अनिवार्यता पर जोर देते हुए राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (NCR) के राज्यों से इसकी प्रभावी क्रियान्वयन पर सवाल उठाए। 2. अदालत ने ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियम, 2013 (SWM Rules, 2016) के तहत नियमों के पालन पर राज्यों से जवाब मांगा। 3. यह किसी भी प्रकार के कचरे, कूड़े, त्यागी गई सामग्री को संदर्भित करता है, जो घरों, उद्योगों, व्यवसायों और अन्य मानवीय गतिविधियों से उत्पन्न होता है। उपर्युक्त दिया गया कौन सा कथन सही हैं ? 1 और 2 सही हैं 1 और 33सही हैं 2 और 3 सही हैं उपर्युक्त सभी सही हैं Explanation: सुप्रीम कोर्ट ने कचरे के स्रोत पर ही पृथक्करण की अनिवार्यता पर जोर देते हुए राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (NCR) के राज्यों से इसकी प्रभावी क्रियान्वयन पर सवाल उठाए। अदालत ने ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियम, 2016 (SWM Rules, 2016) के तहत नियमों के पालन पर राज्यों से जवाब मांगा। ठोस अपशिष्ट (Solid Waste) और स्रोत पर अपशिष्ट पृथक्करण ठोस अपशिष्ट यह किसी भी प्रकार के कचरे, कूड़े, त्यागी गई सामग्री को संदर्भित करता है, जो घरों, उद्योगों, व्यवसायों और अन्य मानवीय गतिविधियों से उत्पन्न होता है। पर्यावरण और स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभावों को रोकने के लिए इसका उचित प्रबंधन आवश्यक है। स्रोत पर कचरे का पृथक्करण कचरे को उत्पत्ति के स्थान पर पहचानने, वर्गीकृत करने, विभाजित करने और छांटने की प्रक्रिया है ताकि उसके सही निपटान, पुनर्चक्रण (Recycling) और प्रबंधन को सुगम बनाया जा सके। यह कचरे को उसकी जैविक, भौतिक और रासायनिक विशेषताओं के आधार पर वर्गीकृत करता है। 3 / 5 Q3. निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिएः 1. दूरसंचार विभाग (DoT) ने आपदा रोधी अवसंरचना गठबंधन (CDRI) के साथ मिलकर आपदा जोखिम एवं तन्यकता आकलन रूपरेखा (DRRAF) पर एक रिपोर्ट जारी की है। 2. यह रिपोर्ट राष्ट्रीय एवं उप-राष्ट्रीय आपदा जोखिम एवं तन्यकता आकलन पर CDRI के अध्ययन का हिस्सा है, जिसका उद्देश्य प्राकृतिक आपदाओं के खिलाफ भारत के दूरसंचार क्षेत्र की तन्यकता/लचीलेपन को बढ़ाना है। उपर्युक्त में से कौन सा कथन सत्य है? केवल 1 केवल 2 1 व 2, दोनों दोनों कथन असत्य है। Explanation: दूरसंचार विभाग (DoT) ने आपदा रोधी अवसंरचना गठबंधन (CDRI) के साथ मिलकर आपदा जोखिम एवं तन्यकता आकलन रूपरेखा (DRRAF) पर एक रिपोर्ट जारी की है। यह रिपोर्ट राष्ट्रीय एवं उप-राष्ट्रीय आपदा जोखिम एवं तन्यकता आकलन पर CDRI के अध्ययन का हिस्सा है, जिसका उद्देश्य प्राकृतिक आपदाओं के खिलाफ भारत के दूरसंचार क्षेत्र की तन्यकता/लचीलेपन को बढ़ाना है। दूरसंचार अवसंरचना की स्थिति वैश्विक सकल घरेलू उत्पाद में दूरसंचार क्षेत्र का 15% योगदान है और अनुमान है कि वर्ष 2030 तक यह 2.8 ट्रिलियन अमेरिकी डॉलर (6.2% CAGR) तक पहुँच जाएगा। वैश्विक स्तर पर बुनियादी ढाँचे हेतु आपदा जोखिम बढ़ रहे हैं और UN INFORM जोखिम सूचकांक (2024-25) में शामिल 191 देशों में से भारत 35वें स्थान पर है। UN INFORM जोखिम सूचकांक मानवीय संकटों एवं आपदाओं के संदर्भ में एक वैश्विक तथा ओपन सोर्स जोखिम मूल्यांकन उपकरण है। भारत भूकंप (58% भूमि क्षेत्र), बाढ़ (12%), भूस्खलन (15%), और वनाग्नि (10%) के प्रति अत्यधिक सुभेद्य है, जबकि इसकी 5,700 किमी. तटरेखा चक्रवात और सुनामी प्रवण है। 4 / 5 Q4. निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिएः 1. सेबी ने कॉरपोरेट बॉन्ड के लिए एक केंद्रीकृत डेटाबेस पोर्टल ‘बॉन्ड सेंट्रल’ लॉन्च किया। 2. बॉन्ड सेंट्रल पोर्टल को ऑनलाइन बॉन्ड प्लेटफ़ॉर्म प्रोवाइडर्स एसोसिएशन (OBPP एसोसिएशन) द्वारा स्टॉक एक्सचेंज और डिपॉजिटरी वाले मार्केट इंफ्रास्ट्रक्चर इंस्टीट्यूशंस (MII) के सहयोग से विकसित किया गया है। 3. इसका मुख्य उद्देश्य भारत में जारी कॉरपोरेट बॉन्ड पर सूचना के प्रामाणिक स्रोतों के लिए एक एकल प्लेटफ़ॉर्म बनाना है। उपर्युक्त दिया गया कौन सा कथन सही हैं ? 1 और 2 सही हैं 1 और 3 सही हैं 2 और 3 सही हैं उपर्युक्त सभी सही हैं Explanation: सेबी ने कॉरपोरेट बॉन्ड के लिए एक केंद्रीकृत डेटाबेस पोर्टल ‘बॉन्ड सेंट्रल’ लॉन्च किया। बॉन्ड सेंट्रल पोर्टल को ऑनलाइन बॉन्ड प्लेटफ़ॉर्म प्रोवाइडर्स एसोसिएशन (OBPP एसोसिएशन) द्वारा स्टॉक एक्सचेंज और डिपॉजिटरी वाले मार्केट इंफ्रास्ट्रक्चर इंस्टीट्यूशंस (MII) के सहयोग से विकसित किया गया है। इसका मुख्य उद्देश्य भारत में जारी कॉरपोरेट बॉन्ड पर सूचना के प्रामाणिक स्रोतों के लिए एक एकल प्लेटफ़ॉर्म बनाना है। यह आम जनता के लिए सूचना भंडार के रूप में कार्य करेगा और इसे निःशुल्क एक्सेस किया जा सकेगा। यह डेटाबेस पारदर्शिता बढ़ाएगा और निवेशकों और अन्य बाज़ार सहभागियों को निर्णय लेने में मदद करेगा। इसे ऑनलाइन बॉन्ड प्लेटफ़ॉर्म प्रोवाइडर्स एसोसिएशन (OBPP एसोसिएशन) द्वारा संचालित किया जाएगा। इस पोर्टल के माध्यम से, निवेशक कॉरपोरेट बॉन्ड की कीमतों की तुलना सरकारी प्रतिभूतियों (जी-सेक) और अन्य निश्चित आय सूचकांकों से कर सकते हैं। इस प्लेटफॉर्म के माध्यम से निवेशक विस्तृत जोखिम आकलन, कॉर्पोरेट बॉन्ड दस्तावेजों और प्रकटीकरण से संबंधित जानकारी प्राप्त कर सकते हैं। इससे वे अवसरों का प्रभावी ढंग से मूल्यांकन करने में सक्षम होंगे। 5 / 5 Q5. निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिएः 1. केंद्र ने पासपोर्ट नियमों में संशोधन किया है। 2. संशोधित नियमों के अनुसार, 1 अक्टूबर 2023 या उसके बाद जन्म लेने वाले पासपोर्ट आवेदकों के लिए जन्म प्रमाण पत्र ही जन्म तिथि का एकमात्र प्रमाण होगा। उपर्युक्त में से कौन सा कथन सत्य है? केवल 1 केवल 2 1 व 2, दोनों दोनों कथन असत्य है। Explanation: केंद्र ने पासपोर्ट नियमों में संशोधन किया है। संशोधित नियमों के अनुसार, 1 अक्टूबर 2023 या उसके बाद जन्म लेने वाले पासपोर्ट आवेदकों के लिए जन्म प्रमाण पत्र ही जन्म तिथि का एकमात्र प्रमाण होगा। 1980 के पासपोर्ट नियमों में संशोधन किया गया है। 1 अक्टूबर 2023 या उसके बाद जन्म लेने वाले व्यक्तियों के लिए, जन्म और मृत्यु के रजिस्ट्रार, नगर निगम या जन्म और मृत्यु पंजीकरण अधिनियम, 1969 के तहत शक्तियों वाले किसी अन्य प्राधिकरण द्वारा जारी जन्म प्रमाण पत्र को जन्म तिथि के प्रमाण के रूप में स्वीकार किया जाएगा। अन्य आवेदकों के लिए, ड्राइविंग लाइसेंस, पैन कार्ड, चुनाव फोटो पहचान पत्र या स्कूल छोड़ने के प्रमाण पत्र को जन्म तिथि के प्रमाण के रूप में स्वीकार किया जा सकता है। Your score is LinkedIn Facebook Twitter VKontakte Post navigation ALL EXAM QUIZ 04.03.2025 ALL EXAM QUIZ 05.03.2025