0 UPSC EXAM HINDI QUIZ 21.09.2024 Daily Quiz 1 / 5 Q1. निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिएः 1. केंद्रीय मंत्रिमंडल ने 18 सितंबर 2024 को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में हुई बैठक में चंद्रयान-4 मिशन को मंजूरी दे दी है। 2. 36 महीने में पूरा होने वाले चंद्रयान-4 मिशन के लिए इसरो को 3104.06 करोड़ रुपये का बजट आवंटित किया गया है। उपर्युक्त में से कौन सा कथन सत्य है? केवल 1 केवल 2 1 व 2, दोनों दोनों कथन असत्य है। Explanation: केंद्रीय मंत्रिमंडल ने 18 सितंबर 2024 को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में हुई बैठक में चंद्रयान-4 मिशन को मंजूरी दे दी है। वीनस ऑर्बिटर मिशन (VOM), गगनयान, भारतीय अंतरिक्ष स्टेशन और नेक्स्टजेन वाहनों को भी मंजूरी दी गयी । भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (इसरो), जिसने 2008 में चंद्रयान-1, 2019 में चंद्रयान-2 और 2023 में चंद्रयान-3 मिशन को लॉन्च किया था, चंद्रयान-4 मिशन का नेतृत्व करेगा । 36 महीने में पूरा होने वाले चंद्रयान-4 मिशन के लिए इसरो को 2104.06 करोड़ रुपये का बजट आवंटित किया गया है। वीनस ऑर्बिटर मिशन (VOM) इस मिशन का लागत बजट 1,236 करोड़ रुपए है और इसे मार्च 2028 में शुक्र ग्रह का अध्ययन करने के लिए लॉन्च किया जाएगा। ये मिशन भारत की अंतरिक्ष अनुसंधान में बढ़ती क्षमताओं और महत्वाकांक्षाओं को दर्शाते हैं। 2 / 5 Q2. निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिएः 1. प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में हुई एक बैठक में देश के आदिवासी बहुल गांवों और आकांक्षी जिले में स्थित गांवों की सामाजिक-आर्थिक स्थिति में सुधार के लिए एक नई योजना पीएमजेयूजीए को मंजूरी दे दी है। 2. यह योजना प्रधानमंत्री जनजातीय उन्नत ग्राम अभियान (पीएमजेयूजीए) योजना के उद्देश्यों को प्राप्त करने के लिए मौजूदा केंद्र सरकार की योजना का उपयोग करना चाहती है। 3. केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने अपने 2024-25 के केंद्रीय बजट भाषण में इस योजना का प्रस्ताव रखा था। उपर्युक्त दिया गया कौन सा कथन सही हैं ? 1 और 2 सही हैं 1 और 3 सही हैं 2 और 3 सही हैं उपर्युक्त सभी सही हैं Explanation: • केंद्रीय मंत्रिमंडल ने 18 सितंबर 2024 को प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में हुई एक बैठक में देश के आदिवासी बहुल गांवों और आकांक्षी जिले में स्थित गांवों की सामाजिक-आर्थिक स्थिति में सुधार के लिए एक नई योजना, प्रधान मंत्री जनजातीय उन्नत ग्राम अभियान (पीएमजेयूजीए) को मंजूरी दे दी है। • यह योजना प्रधानमंत्री जनजातीय उन्नत ग्राम अभियान (पीएमजेयूजीए) योजना के उद्देश्यों को प्राप्त करने के लिए मौजूदा केंद्र सरकार की योजना का उपयोग करना चाहती है। • केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने अपने 2024-25 के केंद्रीय बजट भाषण में इस योजना का प्रस्ताव रखा था। पीएमजेयूजीए योजना का कवरेज • पीएमजेयूजीए योजना 30 राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों के सभी आदिवासी बहुल गांवों और आकांक्षी जिलों के 549 जिलों और 2,740 ब्लॉकों में लागू की जाएगी। • सरकार के अनुसार, इस योजना से 63,000 गांवों के करीब 5 करोड़ से अधिक आदिवासी लोगों को लाभ होने की उम्मीद है। • 2011 की जनगणना के मुताबिक देश में आदिवासियों की आबादी 10.45 करोड़ थी। 3 / 5 Q3. निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिएः 1. केंद्र सरकार ने केंद्रीय विज्ञान और प्रौद्योगिकी मंत्रालय के जैव प्रौद्योगिकी विभाग की 'जैव प्रौद्योगिकी अनुसंधान नवाचार और उद्यमिता विकास (बायो-राइड)' योजना शुरू करने की मंजूरी दे दी है। 2. नव स्वीकृत बायो-राइड 15वें वित्त आयोग की अवधि 2021-22 से 2025-26 तक जारी रहेगा।2021-2025-26 से तक योजना का प्रस्तावित परिव्यय 7197 करोड़ रुपये है। उपर्युक्त में से कौन सा कथन सत्य है? केवल 1 केवल 2 1 व 2, दोनों दोनों कथन असत्य है। Explanation: केंद्र सरकार ने केंद्रीय विज्ञान और प्रौद्योगिकी मंत्रालय के जैव प्रौद्योगिकी विभाग की 'जैव प्रौद्योगिकी अनुसंधान नवाचार और उद्यमिता विकास (बायो-राइड)' योजना शुरू करने की मंजूरी दे दी है। जैव प्रौद्योगिकी विभाग (डीबीटी) की दो मौजूदा योजनाओं का विलय बायो-राइड योजना में कर दिया गया है, और उसमे एक नया घटक बायोमैन्युफैक्चरिंग और बायोफाउंड्री को जोड़ा गया है। नव स्वीकृत बायो-राइड 15वें वित्त आयोग की अवधि 2021-22 से 2025-26 तक जारी रहेगा।2021-2025-26 से तक योजना का प्रस्तावित परिव्यय 9197 करोड़ रुपये है। बायो-राइड योजना का घटक नव स्वीकृत बायो-राइड में पिछली दो जैव प्रौद्योगिकी विभाग योजनाओं का विलय किया गया है और इसमें एक नया घटक शामिल है। 4 / 5 Q4. निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिएः 1. इंफोसिस को एलआईसी ने नेक्स्टजेन डिजिटल बीमा प्लेटफ़ॉर्म प्रोजेक्ट विकसित करने के लिए चुना है। 2. यह एक एकीकृत एंड-टू-एंड डिजिटल बीमा समाधान होगा। 3. डिजिटल प्लेटफ़ॉर्म मॉड्यूलर, लचीला और क्लाउड-नेटिव होगा। उपर्युक्त दिया गया कौन सा कथन सही हैं ? 1 और 2 सही हैं 1 और 3 सही हैं 2 और 3 सही हैं उपर्युक्त सभी सही हैं Explanation: इंफोसिस को एलआईसी ने नेक्स्टजेन डिजिटल बीमा प्लेटफ़ॉर्म प्रोजेक्ट विकसित करने के लिए चुना है। यह एक एकीकृत एंड-टू-एंड डिजिटल बीमा समाधान होगा। डिजिटल प्लेटफ़ॉर्म मॉड्यूलर, लचीला और क्लाउड-नेटिव होगा। इसमें प्लेटफ़ॉर्म संचालित आर्किटेक्चर होगा जो नई सुविधाओं, उत्पादों और अत्याधुनिक तकनीक को तेज़ी से एकीकृत करने में सक्षम होगा। यह एलआईसी की डिजिटल शाखा, पोर्टल और बिक्री और ग्राहकों के लिए सुपर ऐप सहित उच्च-मूल्य वाले व्यावसायिक अनुप्रयोगों के विकास के लिए आधार के रूप में काम करेगा। इंफोसिस ने घोषणा की कि वह डीआईवीई (डिजिटल इनोवेशन एंड वैल्यू एन्हांसमेंट) डिजिटल परिवर्तन कार्यक्रम का नेतृत्व करने के लिए एलआईसी के साथ काम करेगी। इसके अतिरिक्त, एलआईसी का डिजिटल प्लेटफ़ॉर्म एक खुले प्लेटफ़ॉर्म के रूप में कार्य करेगा, जो बैंकाश्योरेंस और फिनटेक में भागीदारों के साथ त्वरित एकीकरण की सुविधा प्रदान करेगा। 5 / 5 Q5. निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिएः 1. भारत सरकार ने चंद्रमा और मंगल के बाद शुक्र ग्रह पर मिशन को मंजूरी दी। 2. मिशन का उद्देश्य पृथ्वी के सबसे नजदीकी ग्रह शुक्र का अन्वेषण करना है और ग्रह अन्वेषण के लिए सरकार के दृष्टिकोण में यह चंद्रमा और मंगल से आगे एक महत्वपूर्ण कदम है। उपर्युक्त में से कौन सा कथन सत्य है? केवल 1 केवल 2 1 व 2, दोनों दोनों कथन असत्य है। Explanation: भारत सरकार ने चंद्रमा और मंगल के बाद शुक्र ग्रह पर मिशन को मंजूरी दी। 18 सितंबर को केंद्रीय मंत्रिमंडल ने वीनस ऑर्बिटर मिशन (वीओएम) के विकास को मंजूरी दे दी, जो भारत के अंतरिक्ष अन्वेषण प्रयासों में एक प्रमुख मील का पत्थर साबित होगा। मिशन का उद्देश्य पृथ्वी के सबसे नजदीकी ग्रह शुक्र का अन्वेषण करना है और ग्रह अन्वेषण के लिए सरकार के दृष्टिकोण में यह चंद्रमा और मंगल से आगे एक महत्वपूर्ण कदम है। शुक्र पृथ्वी का सबसे निकटतम ग्रह है और माना जाता है कि इसका निर्माण पृथ्वी जैसी ही परिस्थितियों में हुआ है, जिससे यह समझने का अनूठा अवसर मिलता है कि ग्रहों का वायुमंडल किस तरह बहुत अलग तरीके से विकसित हो सकता है। भारत का अंतरिक्ष विभाग शुक्र की सतह, उपसतह और वायुमंडल का अध्ययन करने और यह पता लगाने के लिए 'वीनस ऑर्बिटर मिशन' लॉन्च करने की योजना बना रहा है कि सूर्य इसके वायुमंडल को कैसे प्रभावित करता है। इस अंतरिक्ष यान के विकास और प्रक्षेपण की जिम्मेदारी इसरो की होगी। यह मिशन मार्च 2028 में उपलब्ध अवसर के दौरान पूरा होने की संभावना है। "वीनस ऑर्बिटर मिशन" (वीओएम) के लिए कुल 1236 करोड़ रुपये मंजूर किए गए हैं, जिनमें से 824.00 करोड़ रुपये अंतरिक्ष यान के लिए इस्तेमाल किए जाएंगे। Your score is LinkedIn Facebook Twitter VKontakte Post navigation अपर्याप्त वर्षा, अत्यधिक गर्मी से उत्तर भारत में चाय उत्पादन प्रभावित आतिशी मार्लेना दिल्ली के मुख्यमंत्री के रूप में अरविंद केजरीवाल की जगह लेंगी