- प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में कैबिनेट की नियुक्ति समिति ने अजीत डोभाल को प्रधान मंत्री के राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार (एनएसए) के रूप में फिर से नियुक्त किया है। पूर्व आईपीएस अधिकारी अजीत डोभाल को उनके लगातार तीसरे कार्यकाल के लिए फिर से नियुक्त किया गया है।
- 18वीं लोकसभा में राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (एनडीए) के बहुमत हासिल करने के बाद 9 जून 2024 को नरेंद्र मोदी ने लगातार तीसरी बार भारत के प्रधान मंत्री के रूप में शपथ ली। कैबिनेट की नियुक्ति समिति में सिर्फ प्रधान मंत्री और गृह मंत्री शामिल होते हैं।
अजीत कुमार डोभाल एनएसए के रूप में तीसरा कार्यकाल
- अजीत कुमार डोभाल केरल कैडर के 1968 बैच के भारतीय पुलिस सेवा (आईपीएस) अधिकारी हैं। उन्हें 1972 में इंटेलिजेंस ब्यूरो में नियुक्त किया गया था और 2005 में इसके निदेशक के रूप में सेवानिवृत्त हुए।
- एक ख़ुफ़िया अधिकारी के रूप में अपने 33 साल से अधिक के करियर में अजीत डोभाल ने पंजाब, कश्मीर और देश के पूर्वोत्तर क्षेत्र में काम किया है।
- डोभाल उस भारतीय टीम के मुख्य वार्ताकार थे जिसने 1999 में कंधार ले जाए गए इंडियन एयरलाइंस के विमान आईसी-814 के अपहरणकर्ताओं से बातचीत की थी।
- नरेंद्र मोदी सरकार के सत्ता में आने के बाद 30 मई 2014 को उन्हें प्रधान मंत्री का पांचवां राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार नियुक्त किया गया।
- उन्हें 2019 में मोदी सरकार द्वारा अपने दूसरे कार्यकाल में एनएसए के रूप में फिर से नियुक्त किया गया था।
भारत में राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार
- 1998 में भारत द्वारा परमाणु हथियारों के परीक्षण के बाद अटल बिहारी वाजपेयी सरकार ने राष्ट्रीय सुरक्षा परिषद के साथ-साथ एनएसए का पद का भी श्रीजन किया । 1998 में नियुक्त होने वाले पहले एनएसए ब्रजेश मिश्रा थे।
