चीन के वैज्ञानिकों ने फुजियानवेनेटर प्रोडिगियोसस नाम के एक पक्षी जैसे डायनासोर के जीवाश्म का पता लगाया है, जो लगभग 148 से 150 मिलियन वर्ष पूर्व दक्षिण-पूर्व चीन में रहता था।
मुख्य बिंदु
- इस डायनासोर के पंख जैसे लंबे हाथ और पैर थे, इसके शारीरिक रचना से पता चलता है कि यह तेज़ धावक रहा होगा या आधुनिक पक्षी की तरह रहता होगा।
- फ़ुज़ियानवेनेटर एवियलन्स नामक समूह का सदस्य है जिसमें सभी पक्षी और उनके निकटतम गैर-एवियन डायनासोर शामिल हैं।
- शोधकर्ताओं का मानना है कि फ़ुज़ियानवेनेटर पक्षियों की उत्पत्ति में एक महत्वपूर्ण विकासवादी चरण पर प्रकाश डालता है।
- डायनासोर के विकास में एक उल्लेखनीय घटना तब हुई जब थेरोपोड के नाम से जाने जाने वाले वंश के छोटे पंख वाले दो पैरों वाले डायनासोर ने जुरासिक काल के अंत में पक्षियों को जन्म दिया
- सबसे पुराना ज्ञात पक्षी आर्कियोप्टेरिक्स है। यह जर्मनी में लगभग 150 मिलियन वर्ष पहले था।
विशेषताएँ
- इसे एक विचित्र जानवर के रूप में वर्णित किया जा रहा है जिसमें पक्षी जैसी विशेषताएं हैं लेकिन कुछ अंतर भी हैं, जैसे – इसके पंख, तीन पंजे आदि।
- फ़ुज़ियानवेनेटर की खोज पक्षियों के विकासवादी इतिहास की समझ में योगदान देती है, जो जुरासिक काल के अंत के दौरान थेरोपोड के रूप में जाने जाने वाले दो पैरों तथा पंख वाले डायनासोर से विकसित हुए थे।
- जीवाश्म में खोपड़ी और पैरों के हिस्से नहीं हैं, जिससे उसकी सटीक जीवनशैली और आहार का निर्धारण करना चुनौतीपूर्ण हो गया है।
- फ़ुज़ियानवेनेटर के निचले पैर की हड्डी( टिबिया) उसकी जांघ की हड्डी (फीमर) से दोगुनी लंबी थी। जो कि टायरानोसॉरस जैसे अन्य थेरोपोड से अलग थी साथ ही, एक लंबी हड्डी वाली पूंछ भी थी।
